Tuesday, November 23, 2010

You are my Love!


फूल हो खुशबू हो, एक एहसास हो तुम
दुनिया चाहे कुछ भी समझे, मेरे लिए प्यार हो तुम!

          कविता में, सरिता में, मेरी हर भावना में तुम,
          आशाओं में निराशा में, मेरी हर प्रेरणा में तुम!

साँसों में धड़कन में, मेरे हर विचार में तुम,
ऐतबार में, इनकार में, मेरे हर इकरार  में तुम!
          
            नजारों में बहारों में मेरे हर करार में तुम,
            ख्वाबों में, खयालों में मेरे हर दीदार में तुम!

 भावनाओं में, कामनाओं में, मेरी जीत-हार में तुम,
 चैन हो मेरे दिल का, मेरे दिल का करार हो तुम!

           तुम मानो, ना मनो, मेरा तो संसार हो तुम
           मेरे संगीत की हर धुन, हर इक झंकार में तुम!

 दूर होकर भी मुझसे, हर पर मेरे साथ हो तुम,
खुदा ने भेजी जो मुझको वो अनमोल सौगात हो तुम!

          मेरे हर दर्द, हर तड़प से अनभिज्ञ-अनजान हो तुम,
          मेरे इस प्रेम-मंदिर का परब्रह्म भगवान् हो तुम!

कोयल की कुहू, पपिहिये की पीहू, सरिता की कल-कल में तुम,
 सूर्योदय में, सूर्यास्त में - जीवन के हर पल में तुम!


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